Category Archives: कानपुर

वाे मरता रहा अफसर तालियां पीटते रहे

स्थान ग्रीनपार्क स्टेडियम का गेट नंबर-10, समय-सुबह 8:45 बजे, जिला प्रशासन की मतदाता जागरूकता रैली के लिए जिले के कई विभागों के आला अफसर स्टेडियम के अंदर मौजूद थे, सैकड़ों लोग भी थे, मातहतों की फौज, नीली बत्ती लगी गाड़ियों की कतारें भी थीं, जिला अस्पताल उर्सला सिर्फ एक किलोमीटर दूर लेकिन खून से लथपथ एक घायल 36 मिनट तक गेट नंबर-10 पर तड़पता रहा। कोई उसे अस्पताल ले जाने वाला नहीं था। अंदर कई अफसर तालियां पीट रहे थे ताे बाहर एडीएम सिटी जैसे आला अफसर फोन पर फोन करते रहे लेकिन 108 एंबुलेंस का फोन ही नहीं उठा। सिपाही दौड़ाए, गनर से फोन कराया, थाने फोन घनघनाया तब जाकर 9.21 बजे मौके पर एंबुलेंस आई, तब तक घायल का काफी खून बह चुका था। एंबुलेंस में रखकर एक किलोमीटर दूर उर्सला ले गए लेकिन वहां डॉक्टरों ने इलाज नहीं किया, बला टालने के लिए करीब 6 किलोमीटर दूर हैलट रेफर कर दिया। हैलट में मृत घोषित कर दिया गया। गरीब था बेमौत मर गया। इसी के साथ स्मार्ट सिटी, मेट्रो सिटी आदि-आदि का ख्वाब देख रहे शहर में सड़ चुकी सरकारी व्यवस्थाओं की भी मौत हो गई।

सिलेंडर फटा, बुजुर्ग की मौत
फजलगंज के प्रकाश विद्या मंदिर हाता निवासी शिवलखन (60) के परिवार में पत्नी कमला देवी, पांच बेटियां बुद्धशीला, लक्ष्मी, किरण, चांदनी, रोशनी और बेटा बुद्ध सागर हैं। बुद्धशीला के अलावा सभी अविवाहित हैं। शिवलखन गुमटी नंबर पांच स्थित गुरु गोविंद सिंह चौक के पास गुब्बारे बेचकर परिवार का पेट पालता था। बेटे ने बताया कि पिता को ग्रीनपार्क स्टेडियम में आयोजित मतदाता जागरूकता रैली के लिए गैस के गुब्बारे लगाने का आर्डर मिला था। पिता, मां और छोटी बहन चांदनी (14) हीलियम गैस सिलेंडर और गुब्बारे लेकर ग्रीनपार्क गए थे। गेट नंबर-10 के पास खड़े होकर पिता गुब्बारों में गैस भर रहे थे। मां गुब्बारों के गुच्छे बना रही थी। चांदनी गुब्बारों को ग्रीनपार्क में रेलिंग में बांध रही थी। सुबह करीब 8:45 बजे सिलेंडर अचानक फट गया। इसकी चपेट में आकर माता-पिता घायल हो गए। शिवलखन के पेट में गंभीर जख्म हुए, मां उछल कर दूर जा गिरी। काफी देर तक दोनों को होश नहीं रहा। बाद में घायल शिवलखन सड़क पर पड़ा तड़पता रहा। जान बचाने के लिए गुहार लगाता रहा।

फोन पर फोन, कोई आगे नहीं आया
माता-पिता की हालत देखकर गुब्बारे लगा रही बेटी बदहवास हो गई। कभी मां को संभालती, कभी पिता के पास जाकर रोती। 8.51 बजे एटीएम सिटी केपी सिंह मौके पर आ गए, तुरंत 108 एंबुलेंस को फोन मिलाया, फोन उठा ही नहीं। भीड़ जुटने लगी, 8.56 बजे गनर से फोन करने को कहा, फिर कोतवाली फोन मिलाया, तब तक घायल का काफी खून बह चुका था। कई गाड़ियां आस-पास खड़ी थीं लेकिन किसी ने घायल को अस्पताल ले जाने की जहमत नहीं उठाई।

बेटी बदहवास, कोई नहीं पास
माता-पिता की हालत देखकर बेटी बदहवास हो गई थी, 9.01 बजे मां को संभालने में लगी। 9.10 बजे कुछ वालेंटियर आए और मां को गोद में उठाकर अस्पताल ले जाने लगे। एंबुलेंस अभी भी नहीं आई। 9.12 बजे बेटी भागकर पिता के पास पहुंची, पिता ने पानी मांगा तो उनके मुंह में पानी डाला। तब तक न कोई अफसर उसके पास पहुंचा और न ही अपनी गाड़ी से अस्पताल भेजा। 9.14 बजे किसी ने सफेद चादर लाकर सड़क पर पड़े पिता पर डाल दी। 9.19 पर फायर ब्रिगेड की गाड़ी आई।

उर्सला से हैलट टरकाया
सबसे बाद में 9.21 बजे एंबुलेंस आई फिर शिवलखन को एक किलोमीटर दूर उर्सला ले गए लेकिन वहां इलाज नहीं किया गया, कहा हैलट बड़ा सेंटर है, वहां ले जाओ। उर्सला से हैलट करीब 6 किलोमीटर दूर है। रास्ते में करीब आधा घंटा और लग गया। हैलट में डॉक्टर साहब तक पहुंचने, डॉक्टर साहब के चेक करने तक बहुत देर हो चुकी थी, शिवलखन मर चुका था।

अधिक खून बहने से मौत
पुलिस ने शिवलखन के शव को पोस्टमार्टम हाउस और मां को उर्सला भिजवाया। पोस्टमार्टम में शिव लखन के दाहिनी जांघ, पेट के दाहिनी तरफ नीचे, दाहिने हाथ के कंधे के नीचे और कोहनी एवं कलाई के बीच चोट मिली है। अधिक खून बहने से मौत की पुष्टि हुई है।

फजलगंज में परिजनों का हंगामा
हादसे का शिकार शिवलखन के परिजनों ने मुआवजे के लिए पोस्टमार्टम हाउस और फजलगंज में हंगामा किया। पुलिस मौके पर पहुंची और मदद दिलाने का भरोसा देकर लोगों को शांत कराया।

परिवार के सामने दो जून की रोटी की दिक्कत
शिवलखन की मौत से परिवार के सामने रोटी की संकट पैदा हो गया है। शिवलखन की कमाई से ही परिवार का पेट पलता था। बेटे बुद्ध सागर ने कहा कि रोटी के लाले हैं, मां का इलाज कैसे कराएंगे। समझ नहीं आ रहा।

घायल महिला को यूपी डॉयल-100 की गाड़ी से अस्पताल भेजा था। घायल पति की हालत ऐसी नहीं थी कि उसे पुलिस गाड़ी से अस्पताल ले जाया जा सके। इसलिए एंबुलेंस का इंतजार किया गया।
राजेंद्रधर द्विवेदी, सीओ, कोतवाली

36 मिनट बाद एंबुलेंस पहुंचने की बात गलत है। ग्रीनपार्क से 108 एंबुलेंस को सुबह 8:49 बजे कॉल की गई। 8:55 बजे एसीएमओ डॉ. एके श्रीवास्तव की कॉल भी आई। उर्सला से 9:01 बजे एंबुलेंस भेजी गई थी, पर तब तक गुब्बारे वाले की मृत्यु हो गई थी। उसे तुरंत उर्सला फिर हैलट ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित किया।
अजय यादव, मुख्य जनसंपर्क अधिकारी, 108 एंबुलेंस

लव मैरिज के बाद पति ने ऐसे बना दिया ‘अश्लील फिल्मों की हिरोइन’

imgres demoकरोड़पति बनने चाहत में एक पति इस हदतक गिर गया कि उसने अपनी पत्नी का ही सौदा कर दिया। पत्नी को पहले उसने बार डांसर बनाया और फिर ‘ब्लू फिल्मों की हिरोइन’ बनाकर वैश्यावृत्ति के दल-दल में उतार दिया। मामला यूपी के कानपुर शहर का है। पीड़ित महिला ने एसएसपी ने न्याय की गुहार लगाई है।

सपा नेता की छह मंजिला अवैध इमारत धराशायी, मरने वालाें की संख्या हुई 8, पचास से ज्यादा घायल

building-collapse-in-kanpur_1485941994कानपुर के जाजमऊ इलाके में सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष महताब अालम का निर्माणाधीन छह मंजिला अपार्टमेंट बुधवार काे धराशायी हाे गया। इस घटना में सात शव व अाठ घायलाें काे अभी तक बाहर निकाला जा चुका है। डीअाईजी राजेश माेदक ने अभी सात लाेगाें के माैत की पुष्टि की है।
घटना उस वक्त हुअा जब छठे मंजिल पर स्लेप पड़ रहा था। बिल्डिंग के अंदर बड़ी संख्या में छत्तीसगढ़ के मजदूर अाैर उनका परिवार रहता था अाैर वहीं काम भी करता था। घटना के बाद माैके पर सेना अाैर पुलिस ने माेर्चा संभालते हुए अंदर फंसे लाेगाें काे निकालना शुरू कर दिया है। सूचना के मुताबिक अभी भी पचास से अधिक लाेगाें के अंदर फंसे हाेने की संभावना है।

किसी का वंश खत्म, किसी का सुहाग

कानपुर साउथ। सगे भाइयों समेत छह दोस्तों की डूबने से मौत पर जूही विनोबा नगर स्थित उनके घरों में कोहराम मच गया। मोहल्ले के हर शख्स की आंखें नम दिखीं। घर और मोहल्ले में खबर आते ही जो जिस हाल में था, दौड़ पड़ा। परिजन, नाते-रिश्तेदार गंगा बैराज और हैलट भागे। इस हादसे ने किसी का वंश खत्म कर दिया तो किसी का सुहाग छीन लिया।

डूबने वालों में चार छात्र थे
सत्यम एलएलबी और शिवम बीएससी कर रहा था। बगल में रहने वाले विजयशंकर वाजपेयी के यहां कई किराएदार रहते हैं। इनमें स्व. सुभाष तिवारी का पुत्र गोलू (22) फल का ठेला लगाता था, स्व. देवी प्रसाद सोनी का पुत्र रोहित (24) प्राइवेट नौकरी करता था, रमेश गुप्ता का पुत्र संदीप (20) बीएससी का छात्र था, जूही लाल कालोनी निवासी कैटरिंग कारोबारी विजय गुप्ता का पुत्र सचिन (20) बीएससी का छात्र था।
अभी तो मेहंदी का रंग भी नहीं पड़ा फीका
विनोबा नगर निवासी रोहित (25) प्राइवेट नौकरी करता था। वह चार भाई-बहनों में तीसरे नंबर का था। चार मार्च को ही उसकी शादी गल्ला मंडी निवासी नंदनी से हुई थी। रोहित सुबह पत्नी से कुछ देर में आने की बात कहकर दोस्तों के साथ घर से निकला था, लेकिन फोन पर हादसे की खबर मिली तो नंदनी को विश्वास नहीं हुआ। वह बदहवास हो गई। घर में मौजूद सास निर्मला और ननद पूनम भी उसे संभालते-संभालते बेसुध हो गईं। पिता देवता प्रसाद के निधन के बाद से रोहित प्राइवेट नौकरी कर घर की जिम्मेदारी संभाल रहा था। लोगों की जुबान पर सिर्फ एक ही बात थी कि अभी नंदनी के हाथों की मेहंदी भी फीकी नहीं पड़ी थी और सुहाग उजड़ गया।
बारिश थी सो काम पर नहीं गए
मोहल्ले के अरुण गुप्ता के मुताबिक सभी लड़के मिलनसार थे। मोहल्ले के हर दुख-सुख में सभी बराबर शामिल रहते थे। इसके चलते सभी मोहल्ले वालों के लिए भी अपनों से कम नहीं थे। मोहल्ले के बुजुर्ग जगत नारायण शुक्ला का कहना है कि काम करने वाले लड़के सुबह अपने-अपने काम पर निकल जाते थे। शाम को ही घर लौटते थे। बारिश के कारण कोई काम पर नहीं गया था। सभी घर पर थे और मौत ही उन्हें बैराज तक खींच ले गई।
निकाह तय होने के बाद टूटी जिंदगी की डोर
डूब रहे छह दोस्तों को बचाने में मकसूद भी डूब गया। कर्नलगंज गम्मू खां का हाता निवासी रेडीमेड कारोबारी मंसूर आलम ने बताया कि छोटा भाई मकसूद अहमद एमकॉम करने के साथ ही प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करता और कोचिंग पढ़ाता था। हाल ही में उसका निकाह तय हुआ था। एक दिन पहले गेस्ट हाउस बुक किया था। शव गले लगाकर रोते हुए कहा भाई मुझे छोड़कर कहां चले गए।

कानपुर में वोल्वो बस दुर्घटनाग्रस्त, तीन की मौत

29_06_2015-29-06-upउत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की अतिसुरक्षित मानी जाने वाली प्लेटिनम तथा वोल्वो बस भी दुर्घटना का शिकार हो रही हैं। लखनऊ से नई दिल्ली जा रही वोल्वो बस देर रात करीब डेढ़ बजे कानपुर में सड़क के किनारे खड़े ट्रक से टकरा गई। जिससे बस में बैठे तीन यात्रियों की मौत हो गई, जबकि एक दर्जन से अधिक घायल हैं।
लखनऊ से नई दिल्ली जा रही रोडवेज की अनुबंधित वोल्वो बस लगभग डेढ़ बजे कानपुर में भौती हाईवे के पास खड़े ट्रक से टकराकर पलट गई जिसमें दो यात्रियों की मौत हो गई जबकि दर्जनों घायल बताये जा रहे हैं। देर रात तक घायलों को हैलट अस्पताल लाया जा रहा था। लखनऊ डिपो की वोल्वो बस 45 यात्रियों को लेकर लखनऊ से रवाना हुई थी। भौती हाईवे के पास सड़क किनारे खड़े ट्रक से बस सीधा जाकर टकरा गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बस सड़क किनारे पड़ी गिट्टी के ढेर पर चढ़कर पलट गई। रफ्तार अधिक होने के कारण बस को नियंत्रित नहीं किया जा सका। बस के पलटते ही हाहाकार मच गया। अधिकांश यात्री नींद में थे, जिससे किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला। आसपास के लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। एसपी ग्रामीण एसएन तिवारी के साथ सीओ भी मौके पर पहुंचे। पुलिस की मदद से बस में फंसे यात्रियों को बाहर निकाला गया लेकिन कुछ बस के नीचे भी दबे हुए थे। उन्हें निकालने के लिए क्रेन का इंतजाम किया गया।
करीब दो दर्जन से अधिक घायल यात्रियों को हैलट भिजवाया गया जिसमें से एक को मृत घोषित कर दिया गया। यात्री का नाम लखनऊ के बख्शी तालाब के सुधीर सिंह (38) हैं। बस के नीचे से निकालने गए दो अन्य मृतकों की शिनाख्त नहीं हो सकी। घायलों में लखनऊ मौलवीगंज निवासी फरहान उसकी पत्नी समां, लखनऊ के विशाल वर्मा, मशकूर, प्राण मिश्रा, मोहम्मद फुजैल, इंद्रा नगर लखनऊ के मनीष व गाजियाबाद के आशीष, लखनऊ के शुभेंद्र, अशोक तोमर, दिल्ली के मनोज कुमार, गाजियाबाद की नीति, नोएडा के हिमांशु सिंह, पुराना डाक खाना बस्ती के विनय सिंह व उनकी पत्नी दीपिका सिंह शामिल हैं। गौरव, मो.आमिल, मधु सिन्हा, अशोक सिन्हा, अमरेश कहां के रहने वाले इसकी जानकारी नहीं हो सकी। इनका इलाज हैलट में चल रहा है।
यात्री विशाल ने बताया कि लखनऊ से निकलने के साथ ही चालक बहुत रफ्तार में गाड़ी चला रहा था। तीन जगह हादसा होते बचा था। यात्रियों ने उसे संभलकर गाड़ी चलाने की ताकीद दी थी। वहीं एआरएम डिपो वोल्वो प्रशांत दीक्षित ने बताया कि चालक ओम प्रकाश अवस्थी और परिचालक आलोक श्रीवास्तव गाड़ी लेकर निकले थे। जांच के लिए दो सदस्यीय टीम कानपुर भेज दी गई है।

कानपुर में स्वाधार आश्रम की छत से कूदकर किशोरी ने दी जान

13_06_2015-victim_girl_2लखनऊ। कानपुर में किशोरियों द्वारा प्रबंधन के लोगों पर दुष्कर्म के प्रयास का आरोप लगाने और 31 लड़कियों के गायब होने के बाद विवादों में आए स्वाधार आश्रम में शनिवार को मूक बधिर किशोरी ने छत से छलांग लगाकर जान दे दी। किशोरी को हैलट अस्पताल भेजा गया जहां उसे मृत घोषित कर दिया। अब आश्रम के कर्मचारी घटना को दबाने में जुट गए हैं। कहा जा रहा है कि दिल का दौरा पडऩे के कारण तखत से गिरकर मौत हुई है।
सात मई को एक अज्ञात किशोरी को कानपुर देहात के रनिया स्थित चाइल्ड हेल्प लाइन से पुलिस ने कानपुर के हसनपुर स्थित स्वाधार आश्रम में भेजा था। चूंकि किशोरी बोलने सुनने में अक्षम थी इसलिए आश्रम संचालकों ने उसका नाम गीता रख दिया था। शनिवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे काउंसलर नीलम श्रीवास्तव ने इंस्पेक्टर कल्याणपुर को जानकारी दी कि गीता को चोट लग गई है। पुलिस पहुंची तो गीता आश्रम के एक कमरे में बेहोश पड़ी थी और संवासिनियां उसे घेरे थी। पुलिस ने किशोरी को अपनी गाड़ी से हैलट अस्पताल पहुंचाया। आश्रम की काउंसलर नीलम ने पुलिस को बताया कि किशोरी कमरे में सो रही थी तभी तखत से गिर गई। अनहोनी की आशंका से पुलिस को सूचना दी। दूसरी ओर आश्रम की संवासिनियों ने दबी जुबान बताया कि किशोरी दिन में गुस्सा होकर छत पर चली गई थी। फिर अचानक छत से आंगन में गिर गई। पुलिस को गुमराह करने के लिए उसे कमरे में लिटा दिया गया। इंस्पेक्टर कल्याणपुर अजय श्रीवास्तव ने बताया कि किशोरी के सिर में चोट लगने के कारण मौत होने की आशंका है। उसके चेहरे पर भी चोट के निशान हैं। पोस्टमार्टम के बाद ही कारण स्पष्ट होगा।

तीन दिन पहले दो लड़कियों द्वारा दुष्कर्म के प्रयास का आरोप लगाए जाने के बाद स्वाधार आश्रम के संस्थापक श्रवण कुमार, उनका भाई राजकुमार कुशवाहा, भतीजे अभिषेक कुशवाहा और आश्रम की वार्डेन प्रतिभा अवस्थी इस समय जेल में हैं। एसीएम छह राजेंद्र त्रिपाठी की जांच में आश्रम में आर्थिक गड़बडिय़ों के संकेत पहले से ही मिल रहे हैं। अब आश्रम में किशोरी की संदिग्ध मौत के बाद हालात और खराब हो गए हैं।

कानपुर के आश्रम से लापता 31 लड़कियों की तलाश में प्रशासन

13_06_2015-knp_asramलखनऊ। कानपुर के हसनपुर स्थित स्वाधार आश्रम में बड़े खेल के संकेत मिल रहे हैं। मोतीलाल मेमोरियल इंटर कालेज द्वारा संचालित इस आश्रम से बुधवार को भागने की कोशिश कर रही दो लड़कियों के पकड़े जाने पर संचालक समेत छह लोगों पर छेड़छाड़ व अपहरण जैसे संगीन आरोप लगाने से आश्रम सुर्खियों में है। जांच में आश्रम के रजिस्टर में दर्ज 48 लड़कियों में से सिर्फ 17 के होने से पुलिस-प्रशासन में हड़कंप मचा है। शुक्रवार को आश्रम पहुंची जांच टीम पूरे प्रकरण को ग्रांट का खेल से भी जोड़कर देख रही है।
एसीएम छह राजेंद्र प्रसाद त्रिपाठी की अगुवाई में जिला प्रोबेशन अधिकारी आशुतोष सिंह व जिला कार्यक्रम अधिकारी ज्योति शाक्या की टीम स्वाधार आश्रम पहुंची। टीम को आश्रम में काउंसलर नीलम श्रीवास्तव व खाना बनाने वाली देवी से पूछताछ की, लेकिन वह कुछ नहीं बता सकीं।
बता दें कि बुधवार गिरफ्तारी के बाद आश्रम के संचालक डा.श्रवण कुमार कुशवाहा, उनका बेटा अभिषेक व राजकुमार और वार्डेन प्रतिभा जेल भेजे जा चुके हैं। टीम को रजिस्टर में 48 लड़कियों के नाम दर्ज मिले, जबकि मौके पर 17 ही मिलीं। इनमें भी 12 मानसिक अस्वस्थ बताई जा रही हैं। एक के गर्भवती होने की बात सामने आई है। आसपास पूछताछ करने पर पता चला कि रजिस्टर में दर्ज नाम की कुछ लड़कियां इन्हीं के स्कूल में पढ़ती हैं। जांच में यह भी पता चला कि पिछली साल आश्रम को सरकारी ग्रांट नहीं मिली थी। इसके पीछे कारण बताया गया कि आश्रम में जितनी लड़कियों की संख्या दिखाई गई थी, वह जांच में नहीं मिली थीं। प्रशासन इस पहलू पर भी जांच कर रहा है। दूसरी तरफ कल्याणपुर पुलिस ने आसपास के लोगों के साथ आश्रम के लोगों के बयान दर्ज किए। जांच में बीते आठ माह में चार लड़कियों के भागने की बात भी सामने आई है।
एसीएम छह राजेंद्र त्रिपाठी ने बताया कि संचालक व संबंधित अधिकारियों के जेल जाने से रिकार्ड नहीं मिल सके। जांच में ग्रांट के खेल के चलते संख्या बढ़ाने की बात भी सामने आई है। जिसके चलते पिछले साल आश्रम की ग्रांट रुक गई थी। आश्रम के रजिस्टर में दर्ज लड़कियां वास्तव में थीं भी या नहीं, इसकी भी पड़ताल की जा रही है।
कुछ गलत तो नहीं हो रहा था…
आश्रम से भागी किशोरियों द्वारा छेड़छाड़ और जबरन शारीरिक संबंध बनाने के प्रयास जैसे गंभीर आरोप लगाना आश्रम में कुछ गलत होने की तरफ इशारा कर रहे हैं। पुलिस भी आश्रम में कुछ गड़बड़ होने की आशंका से ही आसपास के लोगों के साथ ही वहां रहने वाली लड़कियों से एक-एक करके पूछताछ कर रही है। एक कमरे में दस-दस लड़कियों को रखा जाता है और बाहर से कमरे की कुंडी लगा दी जाती है।

मयखाने को लेकर कानपुर में तनाव, लगाया जाम

people-against-alcohol-shop-in-kanpur-55433d67d5393_exlstशराब की दुकान को हटाने के ‌लिए कानपुर के एक इलाके में जबर्दस्त तनाव है। उस इलाके के लोगों ने सड़क जाम कर दी। बाद में पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा।

कानपुर के यशोदा नगर क्षेत्र में शुक्रवार को शराब की दुकान को लेकर स्‍थानीय लोगों में रोष पैदा हो गया। क्षेत्र के लोग एकत्रित होकर शराब की दुकान का विरोध करने लगे।
पहले तो लोगों ने शराब की दुकान के सामने ही खड़े होकर नारेबाजी की लेकिन बाद में इन्हीं लोगों ने सामने की सड़क को जाम कर दिया। मामले को बढ़ता देख पुलिस को दखल देनी पड़ी। पुलिस जब वहां पहुंची तो नाराज लोगों ने तत्काल उस जगह से शराब की दुकान को हटवाने की मांग की।

कानपुर में ऑनर किलिंग : प्रेमिका की मौत, प्रेमी गंभीर

21_04_2015-21-4upसूबे की मुख्य औद्योगिक नगरी कानपुर कल देर रात एक बार फिर शर्मसार हो गई। कानपुर में अपनी मौसी के घर आई युवती तथा उसके प्रेमी के ऊपर घर के अंदर हमला किया गया। इस हमले में युवती की तो मौके पर ही मौत हो गई जबकि गंभीर रूप से घायल युवक को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
कानपुर के घाटमपुर क्षेत्र के बरईगढ़ में अपने घर से भागकर मौसी के घर पहुंची एक युवती तथा उसके प्रेमी पर कल देर रात जानलेवा हमला किया गया। हमले में युवती की तो मौके पर ही मौत हो गई, जबकि युवक गंभीर रूप से घायल है। हत्या की नीयत से प्रेमी युगल पर चाकुओं से ताबड़तोड़ हमला किया गया।
कानपुर के घाटमपुर के साढ़ क्षेत्र के गांव बरई गढ़ में पूजा (16 वर्ष) पांच-छह दिन पहले अपनी मौसी दया कुरील पत्नी स्व.शिव प्रसाद के घर पहुंची थी। पूजा पुत्री सुरेश गौतम ने गोपाल नगर थाना बिधनू से जब ैअपना घर छोड़ा था, तब उसने इसकी सूचना अपने प्रेमी सुमित को भी दी थी। मौसी के अपने मायके गूँजा थाना सजेती चले जाने से पूजा मौसेरी बहन कंचन 11 के साथ घर में अकेली ही थी। कल देर शाम गोपाल नगर निवासी पूजा का प्रेमी सुमित भी गांव पहुंचा। दोनों घर के अंदर ही थे। कल देर रात इन दोनों पर करीब आधा दर्जन लोगों ने घर के अंदर ही धारदार हथियार से हमला किया। पूजा की तो मौके पर मौत हो गई। गंभीर रूप से घायल सुमित को हैलट भेजा गया है। इस मामले में पूजा के पिता सुरेश गौतम पर आरोप है कि उसने अपने साथियों के साथ दोनों पर हमला बोला है। पुलिस मामले की पड़ताल में जुटी है।

मस्जिद में फ्लैट निर्माण का आरोप लगा हंगामा, दीवार गिराई

imagesकानपुर: चमनगंज की एक मस्जिद की ऊपरी मंजिल पर फ्लैट निर्माण कराने का आरोप लगाते हुए क्षेत्रीय लोगों ने जमकर हंगामा किया और निर्माणाधीन दीवार को गिरा दिया।
चमनगंज में प्लाट नंबर तीन पर गरीब नवाज मस्जिद है। इसका निर्माण बेकनगंज के मुमताज सिद्दीकी ने कराया है। सोमवार को मुमताज सिद्दीकी ने मस्जिद के ऊपर निर्माण कराने के लिए मिस्त्री व मजदूर भेजा। मजदूर दीवार खड़ी करने लगे। इसकी जानकारी होने पर क्षेत्रीय लोगों ने इकट्ठा होकर हंगामा शुरू कर दिया। आरोप लगाया कि यहां फ्लैट बनाकर बेचने की योजना है। आक्रोशित लोगों ने दीवार को गिरा दिया। आरोप है कि मस्जिद के प्रथम तल पर मदरसा खुलने और उसके ऊपर मस्जिद की बात हुई थी लेकिन मदरसा की जगह इंस्टीट्यूट खोल दिया गया। बीच में मस्जिद है और उसके ऊपर पेशइमाम और मुअज्जिन के लिए दो कमरे क्षेत्रीय लोगों ने निर्माण कराए हैं। अब वहां फ्लैट बनाया जा रहा है। कुल मिलाकर निर्माण कार्य रुक गया है। आरोप है कि निर्माण में लगे मिस्त्री नशे में थे जिससे मस्जिद का अपमान हुआ।
फ्लैट नहीं हास्टल बनवा रहे
इसकी रजिस्ट्री मदरसा के नाम से कराई है। मदरसे के बच्चे नमाज कहां पढ़ेंगे, इसलिए वहां मस्जिद का निर्माण कराया है, हास्टल का निर्माण करा रहे हैं, जिसकी दीवार कुछ लोगों ने गिरा दी है।- मुमताज सिद्दीकी, मस्जिद प्रमुख
टेक्निकल इंस्टीट्यूट खुला
मदरसा का मतलब ये नहीं है कि बच्चों को सिर्फ उर्दू, अरबी पढ़ाई जाए। बच्चों की जरूरत के हिसाब से तालीम होनी चाहिए। इस मदरसे में मानव संसाधन मंत्रालय से मान्यता प्राप्त टेक्निकल इलेक्ट्रानिक्स डिप्लोमा कोर्स चल रहा है, प्रति छात्र 250 रुपये फीस लेते हैं।-कारी अब्दुल मुतल्लिब, इंस्टीटयूट संचालक

मौसा पर दुष्कर्म का आरोप, आईजी से गुहार

Unknown-1कानपुर: कल्याणपुर थाना क्षेत्र के मसवानपुर की एक युवती ने मौसा पर दुष्कर्म का आरोप लगाते हुए आईजी जोन से शिकायत की है। पीड़िता के अनुसार पारिवारिक विवाद में पहले उसके भाई को झूठे मुकदमे में फंसाने की साजिश रची गयी, इसमें जब आरोपी सफल नहीं हो पाए तो सबक सिखाने के लिए मौसा ने हवस का शिकार बना डाला।
युवती के अनुसार उसकी मौसी ने कई साल पहले पति को छोड़कर मसवानपुर निवासी एक व्यक्ति से शादी कर ली थी। पहले पति का बच्चा मौसी के पास ही था। बड़े होने पर उसने पिता के पास जाने की इच्छा जताई तो कुछ दिन पहले उसके पिता उसे ले गये। मौसी के दूसरे पति को यह बात नागवार गुजरी। उन्होंने इसके लिए युवती के परिवार को जिम्मेदार ठहराते हुए थाने में भाई के खिलाफ छेड़छाड़ की तहरीर दे दी। मौसी के दूसरे पति ने आरोप लगाया कि युवती का भाई उनकी बेटी से छेड़छाड़ करता है। लेकिन पुलिस की जांच में लड़की ने इस आरोप से इंकार कर दिया। इससे मौसी का दूसरा पति बौखला गया। आरोप है कि उसने घर में घुसकर युवती के भाई से मारपीट की। जब युवती उलाहना देने घर गयी तो मौसा ने उसे बंधक बनाकर दुष्कर्म किया। पीड़िता का आरोप है कि वह कल्याणपुर थाने में शिकायत लेकर गयी थी लेकिन पुलिस ने भगा दिया। पीड़िता ने आईजी जोन से गुहार लगाई है। आईजी ने पुलिस को मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इंस्पेक्टर कल्याणपुर अजय श्रीवास्तव का कहना है कि मामला पेशबंदी का है। युवती अपने भाई के साथ हुई घटना का बदला लेने के लिए आरोप लगा रही है। गुरुवार को दोनों पक्षों को थाने बुलाया गया है।

सेना के जवान का शव कानपुर पहुंचा, लेह में सड़क हादसे में शहीद हुआ था

jawanकानपुर :-लेह के कारू में शहीद हुए जवान अनुमोल का शव उसके घर नौबस्ता के योगेंद्र विहार लाया गया। शव देखते ही परिजनों में कोहराम मच गया। शहीद के मां और पिता का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं गांव के लोगों में भी मातम छा गया। जवान चाइना बॉर्डर से सेना के तीन ट्रक बीते शुक्रवार देर शाम लौट रहे थे। उसी दौरान बर्फ की एक चट्टान ट्रकों के ऊपर आ गिरी। इससे तीनों ट्रक 120 फीट गहरी खाई में जा गिरे। शहीद नायक हवलदार अनुमोल के रिटायर्ड सूबेदार चाचा भानु प्रताप के मुताबिक चाइना बॉर्डर से सेना के तीन ट्रक देर शाम लौट रहे थे। उसी दौरान बर्फ की एक चट्टान ट्रकों के ऊपर आ गिरी। इससे तीनों ट्रक 120 फीट गहरी खाई में जा गिरे। सेना ने रात में ही रेस्क्यू ऑपरेशन चला कर तीन जवानों के शव निकाल लिए लेकिन अंधेरा अधिक होने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन बंद करना पड़ा। सुबह होते ही जवानों की तलाश फिर शुरू कर दी गई। वहीं अभी तक यह पता नहीं चल पाया है कि हादसे में कितने जवानों की मौत हुई।